सावन का पवित्र महीना चल रहा है और इस दौरान लाखों श्रद्धालु भगवान शिव की कृपा पाने के लिए सावन सोमवार का व्रत रखते हैं. व्रत के दिनों में अक्सर लोग फलाहार के नाम पर कुट्टू की पूड़ी, पकौड़े या आलू फ्राई जैसी तली-भुनी चीजें खाते हैं, जिससे पेट भारी होने लगता है और एसिडिटी की समस्या हो सकती है. अगर आप इस सावन व्रत में कुछ हल्का, हेल्दी, कम तेल वाला और स्वादिष्ट खाना चाहते हैं तो कुट्टू का थेपला आपके लिए परफेक्ट ऑप्शन है.
उबले आलू, हरी मिर्च, सेंधा नमक और हरे धनिए से तैयार यह थेपला खाने में बेहद नरम होता है और इसे बेलना भी बेहद आसान है. व्रत वाले रसेदार आलू की सब्जी और फेंटे हुए ठंडे दही के साथ यह थेपला इतना लाजवाब लगता है कि आपका पेट भी भर जाएगा और दिनभर एनर्जी भी बनी रहेगी. आइए जानते हैं इसे बनाने की आसान रेसिपी.
कुट्टू का थेपला बनाने की सामग्री:
कुट्टू का आटा: 1 कप
सिंघाड़े का आटा: आधा कप (ऑप्शनल – बाइंडिंग के लिए)
उबला और कद्दूकस किया आलू: 1/2 कप (बाइंडिंग और सॉफ्टनेस के लिए)
हरी मिर्च: 2 (बारीक कटी हुई)
अदरक: 1/2 छोटा चम्मच (कद्दूकस किया हुआ)
हरा धनिया: 2 बड़े चम्मच (बारीक कटा हुआ)
सेंधा नमक (व्रत वाला नमक): स्वादानुसार
काली मिर्च पाउडर: 1/2 छोटा चम्मच
जीरा: 1/2 छोटा चम्मच
घी/मूंगफली का तेल: सेकने के लिए
गुनगुना पानी: आवश्यकतानुसार
थेपला बनाने की विधि:
एक परात में कुट्टू का आटा, कद्दूकस किया उबला आलू, हरी मिर्च, अदरक, हरा धनिया, सेंधा नमक, काली मिर्च और जीरा डालें. आप इस दौरान चाहें तो बाइंडिंग के लिए थोड़ा सा सिंधाड़े का आटा मिला सकते हैं और आलू स्किप कर सकते हैं.
बिना पानी डाले पहले आलू और आटे को अच्छे से मिलाएं. इसके बाद जरूरत के अनुसार 1-2 चम्मच गुनगुना पानी छिड़कते हुए नरम आटा गूंध लें. (इसे रखकर नहीं छोड़ना है, तुरंत थेपला बनाना शुरू करें).
आटे की छोटी-छोटी लोइयां बनाएं. सूखा कुट्टू का आटा (या बटर पेपर/प्लास्टिक शीट) लगाकर बेलन की मदद से हल्के हाथों से पतला थेपला बेल लें.
तवे को मध्यम गरम करें और उस पर थेपला डालें. दोनों तरफ से हल्का सेकने के बाद थोड़ा-सा देसी घी या मूंगफली का तेल लगाकर सुनहरा और क्रिस्पी होने तक सेक लें.





